Sunday, 12 September 2021

अगर तुम्हारा हिस्सा नही

मैं कौन हूँ, अगर तुम्हारा हिस्सा नही,
मैं कौन हूँ, अगर तुम्हारा किस्सा नही,
तुम मेरी फितरत हो, आदत हो,
तुम नही तो मैं कुछ भी नही।।

समय का खेल है ये, मेरा कसूर नही,
की तुम आज और कल हो, मेरे अतीत में नही,
सुनहरा हर पल है तुम्हारे साथ,
भविष्य की हर घड़ी में हो, वरना वो घड़ी नही।।

स्वप्न सब तेरे साथ, अन्य कोई स्वप्न नही,
ख्वाहिशे सब तेरे साथ, अन्य कोई ख्वाइश नही,
मिलकर पूरी करेंगे सब रास्ते,
राह वो सारी अनजान, जिस राह पर तू नही।।

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